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Sunday, 13 September 2026
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Amit Shah की Haryana यात्रा: 17 November को Faridabad में होगी Northern Zonal Council की अहम Meeting; Internal Security पर चर्चा होगी

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सोमवार को हरियाणा के फरीदाबाद में उत्तरी क्षेत्रीय परिषद (Northern Zonal Council) की 32वीं बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस बैठक का आयोजन गृह मंत्रालय के इंटर-स्टेट काउंसिल सचिवालय द्वारा किया जा रहा है और हरियाणा सरकार इसे मेजबान कर रही है।

बैठक में कौन-कौन शामिल होंगे

इस बैठक में कई राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्री, उप-राज्यपाल, वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। परिषद में ये राज्य / प्रदेश हैं: हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, दिल्ली, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और चंडीगढ़।
हरियाणा के मुख्यमंत्री इस साल इस परिषद के उपाध्यक्ष हैं क्योंकि यह पद साल दर साल घुमावदार होता है।

एजेंडा: क्या-क्या चर्चा होगी

बैठक में कई बड़े और संवेदनशील मुद्दों पर मंथन किया जाना है। इनमें प्रमुख हैं:

  • यौन अपराधों की जांच: महिलाओं और बच्चों के खिलाफ यौन अपराधों की तेज़ और प्रभावी जांच पर ज़ोर।
  • फास्ट-ट्रैक विशेष न्यायालय (FTSC): यौन अपराधों के मामलों को जल्दी निपटाने के लिए विशेष अदालतों की स्थापना।
  • आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली (ERSS-112): हरियाणा समेत अन्य राज्यों में आपातकालीन कॉल रिस्पॉन्स सिस्टम के बेहतर संचालन की योजना।
  • ग्रामीण बैंकों की पहुंच: हर गांव में भौतिक बैंकिंग सुविधाएँ (brick-and-mortar बैंक) उपलब्ध कराने का प्रस्ताव, ताकि लोग बैंकिंग सेवाओं के करीब हों।
  • क्षेत्रीय विकास: पोषण (nutrition), शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, शहरी नियोजन और सहकारी व्यवस्था जैसे मुद्दों पर भी चर्चा होगी, जो क्षेत्र के सामान्य हित में हैं।

क्षेत्रीय परिषद का महत्व

  • उत्तरी क्षेत्रीय परिषद पांच ज़ोनल काउंसिलों में से एक है, जिसे States Reorganisation Act, 1956 (धारा 15-22) के तहत बनाया गया था।
  • यह परिषद अधिकतर एक सलाहकार (advisory) संस्था होती है, लेकिन यह राज्यों और केंद्र के बीच आपसी समझ और सहयोग को बढ़ाने का एक महत्वपूर्ण मंच है।
  • हर परिषद के अंदर मुख्य सचिवों की एक स्थायी समिति होती है, जो पहले प्रस्तावों पर काम करती है, और फिर उन्हें पूरी परिषद की बैठक में आगे बढ़ाती है।
  • पिछले 11 सालों में, इस और अन्य क्षेत्रीय परिषदों की कुल 63 बैठकें और उनकी समितियों की बैठकें हो चुकी हैं।
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का “Team Bharat” विज़न भी इसी तंत्र से जुड़ा हुआ है — क्योंकि मजबूत राज्य ही एक मजबूत राष्ट्र बनाते हैं, और क्षेत्रीय परिषदें इसी सहयोग की नींव हैं।

सुरक्षा और तैयारी

फरीदाबाद प्रशासन, स्थानीय पुलिस और सीएमओ (मुख्य कार्यकारी अधिकारी) पहले से ही बैठक के लिए सुरक्षा-व्यवस्था, यातायात प्रबंध, आवास और आपातकालीन व्यवस्थाओं (एमरजेंसी सर्विस) पर कड़ी तैयारी कर रहे हैं।

“दिल्ली ब्लास्ट” वाली बात पर क्या कहना है

आपके सवाल में “दिल्ली ब्लास्ट की इन्वेस्टिगेशन” का ज़िक्र है, लेकिन मौजूदा रिपोर्ट्स में ऐसी कोई पुख्ता जानकारी नहीं मिल रही है कि यह बैठक खास तौर पर उस धमाके की जांच पर आधारित हो। ज्यादातर समाचार में कहा गया है कि एजेंडा में यौन अपराध, आपातकालीन प्रतिक्रिया, क्षेत्रीय विकास जैसे मुद्दे हैं — न कि सिर्फ़ दिल्ली धमाके की इन्वेस्टिगेशन।

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