Live
मालेरकोटला में बेटियों के लिए 5 मंजिला सरकारी स्कूल का उद्घाटनजगतार सिंह हवारा की पैरोल को लेकर CM भगवंत मान की राज्यपाल से मुलाकात, 10 दिन की पैरोल की मांगचंडीगढ़ में तेज धूप से बढ़ी उमस, बारिश के बाद फिर चढ़ा तापमान; आने वाले दिनों में राहत के आसार₹10 और ₹20 के प्लास्टिक नोटों का होगा ट्रायल, सरकार ने दी मंजूरीश्री गुरु रविदास जी महाराज की बाणी में समानता, सम्मान और सामाजिक न्याय का शाश्वत संदेश: हरपाल सिंह चीमाआप ने पंजाब यूनिवर्सिटी चुनाव के लिए सांसद मीत हेयर और विधायक अमृतपाल सिंह सुखानंद को बनाया चुनाव इंचार्जसुनाम हलके में शिक्षा क्षेत्र को और बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा की अहम पहल; सरकारी स्कूलों के 19,886 विद्यार्थियों को स्कूल बैग देने की शुरुआतभाजपा मशीनरी पंजाब और उसके युवाओं को बदनाम करने के लिए फर्जी वीडियो फैला रही है: हरपाल सिंह चीमामालेरकोटला में बेटियों के लिए 5 मंजिला सरकारी स्कूल का उद्घाटनजगतार सिंह हवारा की पैरोल को लेकर CM भगवंत मान की राज्यपाल से मुलाकात, 10 दिन की पैरोल की मांगचंडीगढ़ में तेज धूप से बढ़ी उमस, बारिश के बाद फिर चढ़ा तापमान; आने वाले दिनों में राहत के आसार₹10 और ₹20 के प्लास्टिक नोटों का होगा ट्रायल, सरकार ने दी मंजूरीश्री गुरु रविदास जी महाराज की बाणी में समानता, सम्मान और सामाजिक न्याय का शाश्वत संदेश: हरपाल सिंह चीमाआप ने पंजाब यूनिवर्सिटी चुनाव के लिए सांसद मीत हेयर और विधायक अमृतपाल सिंह सुखानंद को बनाया चुनाव इंचार्जसुनाम हलके में शिक्षा क्षेत्र को और बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा की अहम पहल; सरकारी स्कूलों के 19,886 विद्यार्थियों को स्कूल बैग देने की शुरुआतभाजपा मशीनरी पंजाब और उसके युवाओं को बदनाम करने के लिए फर्जी वीडियो फैला रही है: हरपाल सिंह चीमा
Wednesday, 12 August 2026
Menu

SSC Exam में Irregularities पर बवाल – Jantar-Mantar पर सड़कों पर उतरे लाखों Students, Police Lathi-Charge ने भड़काया गुस्सा

दिल्ली के जंतर-मंतर पर गुरुवार को हज़ारों की संख्या में एसएससी (Staff Selection Commission) परीक्षार्थी और कोचिंग संस्थानों के टीचर्स इकट्ठा हुए। वजह थी – SSC Phase-13 भर्ती परीक्षा में हुईं कथित गड़बड़ियां, तकनीकी खामियां और प्रशासनिक लापरवाही। देशभर से आए छात्रों का कहना है कि SSC की लापरवाही ने उनकी मेहनत, समय और पैसों पर पानी फेर दिया है।

क्या है मामला?

SSC की Phase-13 भर्ती परीक्षा 24 जुलाई से 1 अगस्त के बीच होनी थी। इस परीक्षा में लगभग 29 लाख उम्मीदवारों ने आवेदन किया था। कई छात्रों ने सेंटर तक पहुंचने के लिए लंबी दूरी तय की, लेकिन वहां पहुंचने के बाद पता चला कि परीक्षा अचानक रद्द कर दी गई।

  • कहीं सिस्टम क्रैश हो गया,
  • कहीं गलत सेंटर की जानकारी मिली,
  • तो कहीं बिना सूचना के पेपर ही कैंसिल कर दिया गया।

यही नहीं, सोशल मीडिया पर #SSCMisManagement और #SSCReforms जैसे हैशटैग ट्रेंड करने लगे।

क्या मांग रहे हैं छात्र?

जंतर-मंतर पर जुटे परीक्षार्थियों और लोकप्रिय टीचर्स (जैसे नीटू मैम) ने साफ कहा कि वे सिस्टम में सुधार चाहते हैं, न कि बस वादों की बरसात। उनकी मुख्य मांगें ये हैं –
बिना सूचना के परीक्षा रद्दीकरण बंद हो।
तकनीकी खामियों (सिस्टम क्रैश, गलत सेंटर) का स्थायी समाधान हो।
SSC जिस एजेंसी (Vendor) को परीक्षा संचालन सौंपता है, उसकी जवाबदेही तय की जाए और गड़बड़ी करने पर अनुबंध रद्द हो।
जंतर-मंतर और CGO कॉम्प्लेक्स पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन करने वालों पर हुए पुलिस लाठीचार्ज की जांच हो और जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई हो।
SSC की पूरी परीक्षा प्रणाली को पारदर्शी और भरोसेमंद बनाया जाए।

लाठीचार्ज से भड़का गुस्सा

छात्रों ने आरोप लगाया कि जब वे जंतर-मंतर और CGO कॉम्प्लेक्स के बाहर शांतिपूर्वक प्रदर्शन कर रहे थे, तभी पुलिस ने लाठियां बरसाईं। सोशल मीडिया पर पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच हुई नोकझोंक के वीडियो वायरल हो रहे हैं। इसने छात्रों में और गुस्सा भर दिया।

क्यों है इतना बड़ा विरोध?

  • छात्रों का कहना है कि SSC हर साल परीक्षा में गड़बड़ी को सिस्टम फेलियर’ बताकर टाल देता है, लेकिन अब हालात बर्दाश्त से बाहर हो गए हैं।
  • कई स्टूडेंट्स के मुताबिक, उन्होंने सेंटर जाने के लिए ट्रैवल, होटल और दूसरे खर्चों पर हज़ारों रुपये खर्च किए, लेकिन परीक्षा कैंसिल होने से सब बर्बाद हो गया।
  • लोकप्रिय कोचिंग टीचर्स का कहना है कि अगर SSC सुधार नहीं करता, तो यही हाल आने वाली परीक्षाओं का भी होगा।

सोशल मीडिया पर उठी आवाज

#SSCMisManagement और #SSCReforms हैशटैग ट्विटर, इंस्टाग्राम और फेसबुक पर ट्रेंड कर रहे हैं। लाखों लोग इन पोस्ट्स को शेयर कर SSC को जवाबदेह ठहराने की मांग कर रहे हैं।

अब क्या करेगा SSC?

SSC की तरफ से अभी तक केवल इतना कहा गया है कि तकनीकी दिक्कतों को दूर करने की कोशिश हो रही है। लेकिन छात्रों और शिक्षकों की साफ चेतावनी है – अगर सुधार नहीं हुए तो आंदोलन और तेज़ होगा।

SSC की Phase-13 परीक्षा ने लाखों छात्रों के भरोसे को हिला दिया है। जंतर-मंतर पर हुआ यह विरोध सिर्फ एक परीक्षा की गड़बड़ी के खिलाफ नहीं, बल्कि पूरी भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग है। छात्र चाहते हैं कि उनकी मेहनत और भविष्य, सिस्टम की लापरवाही की भेंट न चढ़े।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *