Live
आप मंत्रियों ने ‘मान दे मुनाफे’ घर-घर पहुंचाए, पंजाब को 4.5 साल का ‘Guarantee Plus’ रिपोर्ट कार्ड पेश किया|Asian Hockey Federation ने मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान को जापान में एशियाई खेलों के हॉकी सेमीफाइनल और फाइनल देखने का निमंत्रण दियारवनीत सिंह बिट्टू, प्रताप बाजवा और बिक्रम मजीठिया एक नशा तस्कर को बचाने क्यों आए? : आपबादल परिवार ने अकाली दल को एक पारिवारिक पार्टी बना दिया, निजि एजेंडे के लिए सिख संस्थाओं का प्रयोग किया: बलतेज पन्नू5 प्राथमिकताएँ, एक मिशन: पंजाब को नशामुक्त बनाने के लिए CM भगवंत सिंह मान का ‘बिग 5’ अभियानकरतारपुर साहिब कॉरिडोर को लेकर बड़ी खबर, पाकिस्तान की तरफ से निकलेगा नगर कीर्तनCM भगवंत सिंह मान ने ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत बने 1.26 करोड़ कार्डों के वितरण की शुरुआत की, 54 लाख परिवारों को मिली स्वास्थ्य सुरक्षाCM भगवंत सिंह मान ने धूरी से घर-घर जाकर शुरू की चुनाव प्रचार की मुहिम, ‘मान दा मुनाफ़ा’ को प्रचार का बनाया केंद्रआप मंत्रियों ने ‘मान दे मुनाफे’ घर-घर पहुंचाए, पंजाब को 4.5 साल का ‘Guarantee Plus’ रिपोर्ट कार्ड पेश किया|Asian Hockey Federation ने मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान को जापान में एशियाई खेलों के हॉकी सेमीफाइनल और फाइनल देखने का निमंत्रण दियारवनीत सिंह बिट्टू, प्रताप बाजवा और बिक्रम मजीठिया एक नशा तस्कर को बचाने क्यों आए? : आपबादल परिवार ने अकाली दल को एक पारिवारिक पार्टी बना दिया, निजि एजेंडे के लिए सिख संस्थाओं का प्रयोग किया: बलतेज पन्नू5 प्राथमिकताएँ, एक मिशन: पंजाब को नशामुक्त बनाने के लिए CM भगवंत सिंह मान का ‘बिग 5’ अभियानकरतारपुर साहिब कॉरिडोर को लेकर बड़ी खबर, पाकिस्तान की तरफ से निकलेगा नगर कीर्तनCM भगवंत सिंह मान ने ‘मुख्यमंत्री सेहत योजना’ के तहत बने 1.26 करोड़ कार्डों के वितरण की शुरुआत की, 54 लाख परिवारों को मिली स्वास्थ्य सुरक्षाCM भगवंत सिंह मान ने धूरी से घर-घर जाकर शुरू की चुनाव प्रचार की मुहिम, ‘मान दा मुनाफ़ा’ को प्रचार का बनाया केंद्र
Tuesday, 22 September 2026
Menu

Punjab: मान कैबिनेट का बड़ा कदम: अब युद्ध और आतंकी हमलों के पीड़ितों को भी मिलेगा ‘फरिश्ते’ योजना का लाभ।

Punjab के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान की अध्यक्षता में शुक्रवार को हुई कैबिनेट बैठक में ‘फरिश्ते’ योजना का दायरा बढ़ाने का अहम फैसला लिया गया। अब यह योजना सिर्फ सड़क हादसों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि युद्ध या आतंकी हमलों में घायल होने वाले आम नागरिक भी इसके तहत मुफ्त इलाज पा सकेंगे।

मुख्यमंत्री कार्यालय के प्रवक्ता ने बताया कि इस फैसले का मकसद युद्ध या आतंकवाद जैसी घटनाओं में घायल लोगों को तुरंत और बिना रुकावट इलाज उपलब्ध कराना है। यह इलाज न सिर्फ सरकारी अस्पतालों में बल्कि सरकार द्वारा तय किए गए निजी अस्पतालों में भी करवाया जा सकेगा।

प्रमुख बिंदु:

1. युद्ध व आतंक पीड़ितों को मुफ्त इलाज:

अब युद्ध या आतंकवादी घटनाओं में घायल नागरिकों को भी ‘फरिश्ते’ योजना के तहत बिना किसी खर्च के इलाज की सुविधा मिलेगी। इससे गंभीर घायलों की जान बचाने में मदद मिलेगी।

2. सामान्य जनता को मिलेगा प्रोत्साहन:

सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे ऐसे पीड़ितों को निकटतम अस्पताल तक पहुंचाएं। ऐसे मददगारों को ‘फरिश्ता’ घोषित किया जाएगा और उन्हें नकद इनाम, सरकारी प्रशंसा पत्र, और कानूनी कार्रवाई से पूर्ण छूट दी जाएगी।

3. कानूनी सुरक्षा का आश्वासन:

जो व्यक्ति घायल को अस्पताल ले जाएगा, उसे पुलिस पूछताछ, एफआईआर या किसी भी प्रकार की कानूनी जटिलताओं से पूरी तरह इम्यूनिटी (छूट) दी जाएगी।

4. मृत्युदर और जटिलताओं में होगी कमी:

इस योजना का मुख्य उद्देश्य युद्ध व आतंक घटनाओं के कारण होने वाली मौतों और गंभीर जटिलताओं को कम करना है।

5. राज्य सरकार की संवेदनशीलता और प्रतिबद्धता:

यह कदम राज्य सरकार की उस जनकल्याणकारी सोच को दर्शाता है, जिसमें हर व्यक्ति की जिंदगी को महत्वपूर्ण समझा गया है, चाहे वह किसी भी परिस्थिति में क्यों न हो।

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा, “हम एक ऐसी सरकार हैं जो जीवन को सर्वोपरि मानती है। युद्ध और आतंक के पीड़ित भी हमारे अपने हैं, और उनकी जान बचाना हमारी जिम्मेदारी है। ‘फरिश्ते’ योजना के विस्तार से अब कोई भी पीड़ित इलाज से वंचित नहीं रहेगा।”

यह फैसला न केवल पंजाब में एक नई मानवीय संवेदना की शुरुआत करता है, बल्कि पूरे देश के लिए एक मिसाल पेश करता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *