Live
BRICS Summit: PM मोदी ने कहा- बढ़ रहा ग्लोबल तनाव, संकटों से निपटने के लिए पहले से तैयारी जरूरीपंजाब में फिर सक्रिय होगा मानसून, 17 सितंबर तक बारिश की संभावना, येलो अलर्ट जारीGulab Sidhu के पैतृक घर पर देर रात फायरिंग, गेट पर लगीं गोलियांपंजाब सरकार गैंगस्टरों को पंजाब या विदेश में बैठकर अवैध कारोबार नहीं चलाने देगी: अमन अरोड़ाबद्दी से फैल रहे Industrial Pollution के खिलाफ Dinesh Chadha A-GT पहुंचे, हिमाचल, हरियाणा और केंद्र सरकारों से कार्रवाई की मांग कीमनीष सिसोदिया की सचिन पायलट को चुनौती: हम आपको पंजाब में 1,000 बेहतरीन स्कूल दिखा सकते हैं, क्या आप हमें हिमाचल प्रदेश में ऐसे 1,000 स्कूल दिखा सकते हैं?कांग्रेस लाशों पर राजनीति करना बंद करे, पंजाब 1984 में कांग्रेस की भूमिका को नहीं भूला: हरभजन सिंह ETOफिल्लौर में ‘युद्ध नशा मुक्ति’ अभियान की राज्यस्तरीय ट्रेनिंग आयोजित, 20 सितंबर से 15,000 से अधिक गांवों व वार्डों में होंगी जन-जागरूकता बैठकेंBRICS Summit: PM मोदी ने कहा- बढ़ रहा ग्लोबल तनाव, संकटों से निपटने के लिए पहले से तैयारी जरूरीपंजाब में फिर सक्रिय होगा मानसून, 17 सितंबर तक बारिश की संभावना, येलो अलर्ट जारीGulab Sidhu के पैतृक घर पर देर रात फायरिंग, गेट पर लगीं गोलियांपंजाब सरकार गैंगस्टरों को पंजाब या विदेश में बैठकर अवैध कारोबार नहीं चलाने देगी: अमन अरोड़ाबद्दी से फैल रहे Industrial Pollution के खिलाफ Dinesh Chadha A-GT पहुंचे, हिमाचल, हरियाणा और केंद्र सरकारों से कार्रवाई की मांग कीमनीष सिसोदिया की सचिन पायलट को चुनौती: हम आपको पंजाब में 1,000 बेहतरीन स्कूल दिखा सकते हैं, क्या आप हमें हिमाचल प्रदेश में ऐसे 1,000 स्कूल दिखा सकते हैं?कांग्रेस लाशों पर राजनीति करना बंद करे, पंजाब 1984 में कांग्रेस की भूमिका को नहीं भूला: हरभजन सिंह ETOफिल्लौर में ‘युद्ध नशा मुक्ति’ अभियान की राज्यस्तरीय ट्रेनिंग आयोजित, 20 सितंबर से 15,000 से अधिक गांवों व वार्डों में होंगी जन-जागरूकता बैठकें
Monday, 14 September 2026
Menu

Haryana में फिर बरसेंगे बादल: 6 Districts में भारी बारिश का Alert, 6 September से थमेगा Monsoon का असर

हरियाणा में इस बार का मानसून लोगों के लिए राहत से ज्यादा मुसीबत लेकर आया है। राज्य के कई जिलों में अब भी पानी भरा हुआ है और बाढ़ जैसी स्थिति बनी हुई है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आज यानी 4 सितंबर के लिए महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेवात और पलवल में येलो अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में भारी बारिश होने की संभावना है।

मौसम विभाग का कहना है कि 6 सितंबर से मानसून की रफ्तार धीमी पड़ने लगेगी और बारिश में कमी आएगी। हालांकि, 5 सितंबर तक कुछ जिलों में तेज बारिश की संभावना बनी रहेगी।

साल 2024 में सामान्य से 47% ज्यादा बारिश

इस साल हरियाणा में सामान्य से 47% अधिक बारिश दर्ज की गई है। यह अतिरिक्त बारिश कई इलाकों के लिए परेशानी बन गई है।

  • कुरुक्षेत्र में घग्गर और मारकंडा नदियां उफान पर हैं। पानी घरों और गलियों तक पहुंच गया है।
  • अंबाला में टंगरी और घग्गर नदी ने भी कहर बरपाया है, जिससे कई जगहों पर बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं।
  • नदियों का पानी गांवों और खेतों में घुसने से फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं।

अगले दो दिनों का मौसम कैसा रहेगा

4 सितंबर:

  • महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, गुरुग्राम, फरीदाबाद, मेवात और पलवल में भारी बारिश की संभावना।
  • इन जिलों में येलो अलर्ट जारी।
  • बाकी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

5 सितंबर:

  • मानसून अभी भी सक्रिय रहेगा।
  • महेंद्रगढ़, रेवाड़ी, झज्जर, गुरुग्राम, फरीदाबाद में फिर से येलो अलर्ट रहेगा।
  • अन्य जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।

6 सितंबर:

  • हरियाणा के किसी भी जिले में भारी बारिश का अलर्ट नहीं।
  • मानसून कमजोर होगा और सिर्फ हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है।

मौसम बदलने की वजह क्या है?

  • साइक्लोनिक सर्कुलेशन फिलहाल दक्षिण हरियाणा में बना हुआ है।
  • नमी वाली हवाओं के कारण 6 सितंबर तक मानसून की गतिविधियां बनी रहेंगी।
  • इसके बाद बारिश में कमी आएगी और धीरे-धीरे मौसम साफ होने लगेगा।
  • इस दौरान तापमान में हल्की गिरावट भी देखी जाएगी।

तापमान अपडेट:

  • चरखी दादरी में अधिकतम तापमान: 32.6°C
  • आज सुबह का न्यूनतम तापमान: 23°C

बारिश का असर: बाढ़ से बिगड़े हालात

हरियाणा के कई जिलों में बाढ़ जैसी स्थिति है।

  • घरों में पानी घुस गया है और लोग सुरक्षित जगहों पर शरण लेने को मजबूर हैं।
  • किसानों की फसलें पानी में डूबकर बर्बाद हो गई हैं।
  • सड़कों, पुलों और अन्य बुनियादी ढांचे को भी नुकसान पहुंचा है।
  • कई गांवों का संपर्क मुख्य शहरों से टूटा हुआ है।

सरकार और प्रशासन लगातार राहत और बचाव कार्य चला रहे हैं। कई जिलों में राहत शिविर बनाए गए हैं, जहां लोगों को अस्थायी ठिकाना, खाना और जरूरी सुविधाएं दी जा रही हैं।

6 सितंबर के बाद से हालात सुधरने की उम्मीद

मौसम विभाग के अनुसार, 6 सितंबर से मानसून कमजोर पड़ जाएगा। इसके बाद बारिश कम हो जाएगी, जिससे बाढ़ग्रस्त इलाकों में पानी उतरना शुरू होगा। हालांकि, प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है और नदियों के किनारे रहने वालों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के निर्देश दिए हैं।

हरियाणा में फिलहाल मौसम के मिजाज में उतार-चढ़ाव जारी है।

  • 4 और 5 सितंबर को कई जिलों में तेज बारिश की संभावना है।
  • 6 सितंबर से बारिश का असर कम हो जाएगा।
  • बाढ़ प्रभावित इलाकों में राहत कार्य जारी हैं।

लोगों को चाहिए कि इस समय सावधानी बरतें और प्रशासन द्वारा जारी किए गए निर्देशों का पालन करें, ताकि किसी भी तरह की अनहोनी से बचा जा सके।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *