Live
पंजाब की ‘युद्ध नशेआं विरुद्ध’ मुहिम निर्णायक चरण में, भगवंत मान सरकार ने नशे की रोकथाम के लिए मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता अभियान को दी गति•NIC पंजाब डिवीजन-6 की टीम की दिन-रात की मेहनत लाई रंग, HUNAR Punjab पोर्टल हुआ लाइव•हमारा लक्ष्य मानक शिक्षा के माध्यम से बच्चों को अपने पैरों पर खड़े होने में सक्षम बनाना है: CM भगवंत सिंह मान•परमिंदर झोटा की हत्या के पीछे आपसी रंजिश, मुख्य आरोपी 24 घंटे में किया जाएगा गिरफ्तार : हरजीत सिंह, DIG मानसा रेंज•बादलों की ‘पंजाब बचाओ’ मुहिम पंजाबियों को गुमराह करने की एक और कोशिश: बलतेज पन्नू•परविंदर झोटा हत्याकांड में CM मान का बड़ा एक्शन, बुलाई हाई लेवल मीटिंग•मानसा में परविंदर झोटा की हत्या पर AAP का बयान, बलतेज पन्नू ने की कड़ी निंदा•शहीद ASI इकबाल सिंह के परिवार को मिलेंगे 2 करोड़ रुपये, CM भगवंत मान ने किया ऐलान•पंजाब की ‘युद्ध नशेआं विरुद्ध’ मुहिम निर्णायक चरण में, भगवंत मान सरकार ने नशे की रोकथाम के लिए मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता अभियान को दी गति•NIC पंजाब डिवीजन-6 की टीम की दिन-रात की मेहनत लाई रंग, HUNAR Punjab पोर्टल हुआ लाइव•हमारा लक्ष्य मानक शिक्षा के माध्यम से बच्चों को अपने पैरों पर खड़े होने में सक्षम बनाना है: CM भगवंत सिंह मान•परमिंदर झोटा की हत्या के पीछे आपसी रंजिश, मुख्य आरोपी 24 घंटे में किया जाएगा गिरफ्तार : हरजीत सिंह, DIG मानसा रेंज•बादलों की ‘पंजाब बचाओ’ मुहिम पंजाबियों को गुमराह करने की एक और कोशिश: बलतेज पन्नू•परविंदर झोटा हत्याकांड में CM मान का बड़ा एक्शन, बुलाई हाई लेवल मीटिंग•मानसा में परविंदर झोटा की हत्या पर AAP का बयान, बलतेज पन्नू ने की कड़ी निंदा•शहीद ASI इकबाल सिंह के परिवार को मिलेंगे 2 करोड़ रुपये, CM भगवंत मान ने किया ऐलान•
Wednesday, 14 October 2026
Menu

चालान नहीं भरा तो बढ़ सकती हैं मुश्किलें! सुप्रीम कोर्ट के सख्त निर्देश

अगर आपके वाहन का कोई पुराना चालान लंबे समय से पेंडिंग पड़ा है, तो यह खबर आपके लिए अहम है। सुप्रीम कोर्ट ने बकाया ट्रैफिक चालानों की वसूली को लेकर सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने साफ कहा है कि सिर्फ ई-चालान काटना ही काफी नहीं है, बल्कि बकाया चालानों की वसूली के लिए जमीनी स्तर पर भी कार्रवाई की जानी चाहिए।

कोर्ट के निर्देशों के बाद अगर रैंडम चेकिंग के दौरान किसी वाहन का पुराना चालान बकाया मिलता है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई हो सकती है। इसके साथ ही चालान क्लियर न होने तक RC रिन्यूअल, पता अपडेट करने और वाहन से जुड़ी कुछ अन्य ऑनलाइन सेवाओं पर भी रोक लग सकती है। फिटनेस सर्टिफिकेट, वाहन की बिक्री या मालिकाना हक ट्रांसफर जैसी सेवाओं को भी बकाया चालान से जोड़ा जा सकता है।

इसके अलावा बार-बार ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों के ड्राइविंग लाइसेंस और PUC से जुड़ी कार्रवाई भी की जा सकती है। सुप्रीम कोर्ट के सामने यह बात भी आई कि देशभर में बड़ी संख्या में ई-चालान जारी किए जाते हैं, लेकिन इनकी पूरी वसूली नहीं हो रही है। यह मामला 2012 की एक जनहित याचिका से जुड़ा हुआ है। अब कोर्ट के सख्त रुख के बाद पुराने बकाया चालानों की वसूली के लिए कार्रवाई और तेज हो सकती है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *